महाराष्ट्र सरकार ने नशीले पदार्थों के संगठित अपराध पर कड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने विधानसभा में घोषणा की कि अब ऐसे मामलों में Maharashtra Control of Organised Crime Act (MCOCA) का इस्तेमाल किया जाएगा।
मुंबई: महाराष्ट्र में बढ़ते नशीले पदार्थों के संगठित नेटवर्क पर अंकुश लगाने के लिए सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। देवेंद्र फडणवीस ने विधानसभा में साफ कहा कि इन अपराधों को अब Maharashtra Control of Organised Crime Act (मकोका) के दायरे में लाया जाएगा। मुख्यमंत्री ने यह भी चेतावनी दी कि यदि मादक पदार्थों की आपूर्ति कूरियर सेवा के जरिए होती पाई गई, तो संबंधित कूरियर कंपनी को भी सह-आरोपी बनाया जाएगा। यह कदम राज्य में ड्रग्स के अवैध कारोबार पर सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया है।
MCOCA के तहत आरोपियों की संपत्ति जब्त
मुख्यमंत्री फडणवीस ने बताया कि पहले एनडीपीएस अधिनियम के तहत ऐसे मामलों में कार्रवाई होती थी। लेकिन आरोपी अक्सर जमानत मिलने के बाद फिर अपराध में लिप्त हो जाते थे। इसी को ध्यान में रखते हुए MCOCA लागू किया जा रहा है।
- संगठित अपराध के आर्थिक तंत्र पर सीधा प्रहार
- आरोपियों की संपत्ति जब्त करने का प्रावधान
- कूरियर सेवा के जरिए ड्रग्स की सप्लाई करने वाले भी आरोपी माने जाएंगे
इस फैसले का उद्देश्य नशीले पदार्थों के कारोबार के पूरे नेटवर्क को बाधित करना और अपराधियों को आर्थिक रूप से कमजोर करना है।
2026 में अब तक जब्ती के आंकड़े

फडणवीस ने विधानसभा में रिपोर्ट पेश करते हुए कहा कि जनवरी 2026 से 11 फरवरी 2026 के बीच मुंबई पुलिस ने:
- 93 मामले दर्ज किए
- 112 आरोपियों को गिरफ्तार किया
- 7.93 करोड़ रुपये मूल्य के मादक पदार्थ जब्त किए
वर्ष 2025 में एंटी-नारकोटिक्स टास्क फोर्स ने 523.17 करोड़ रुपये मूल्य के मादक पदार्थ नष्ट किए।
- नशे के सेवन से जुड़े 13,954 मामले, 10,686 गिरफ्तार
- तस्करी और भंडारण के 3,569 मामले, 5,307 गिरफ्तार
- सोशल मीडिया पर नशे का अवैध कारोबार
मुख्यमंत्री ने कहा कि मादक पदार्थों का अवैध व्यापार सोशल मीडिया पर भी हो रहा है, खासकर इंस्टाग्राम जैसे प्लेटफॉर्म पर।
- साइबर निगरानी तंत्र को और मजबूत किया जा रहा है
- मुंबई, नवी मुंबई, ठाणे, पालघर और रायगढ़ जिलों में कार्रवाई तेज
इससे साफ है कि अब सरकार डिजिटल माध्यमों से संचालित ड्रग नेटवर्क पर भी सख्त नजर रख रही है।
पुलिसकर्मियों पर भी कार्रवाई
फडणवीस ने स्पष्ट किया कि मादक पदार्थों के अवैध व्यापार में संलिप्त पाए गए कुछ पुलिसकर्मियों के खिलाफ भी सेवा समाप्ति की कार्रवाई की गई। उन्होंने कहा, मादक पदार्थों का संकट युवा पीढ़ी के लिए गंभीर चुनौती है। सरकार किसी भी स्तर पर ढिलाई नहीं बरतेगी। इससे यह संदेश गया कि संगठित अपराध के खिलाफ सरकार पूरी तरह गंभीर है और किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा।











