राजस्थान में सार्वजनिक परिवहन पर निर्भर यात्रियों के लिए एक बड़ी राहत की खबर सामने आई है। राजस्थान राज्य पथ परिवहन निगम (RSRTC) ने लंबे समय से बंद पड़े ग्रामीण रूटों पर एक बार फिर बस सेवाएं शुरू कर दी हैं।
Rajasthan Roadways: राजस्थान में यात्रियों के लिए राहत भरी खबर है। राजस्थान राज्य पथ परिवहन निगम (रोडवेज) ने लंबे समय से बंद पड़े ग्रामीण रूटों पर एक बार फिर बस सेवाएं शुरू कर दी हैं। इन रूटों पर उम्मीद से बेहतर यात्रीभार मिलने के बाद रोडवेज प्रशासन ने अब जोधपुर जिले के करीब 10 और गांवों को शहर से जोड़ने की तैयारी शुरू कर दी है, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को आवागमन में बड़ी सुविधा मिलने की उम्मीद है।
ग्रामीण रूटों पर फिर लौटी बस सेवा
बीते कुछ वर्षों में आर्थिक कारणों और कम यात्रीभार के चलते राजस्थान के कई ग्रामीण रूटों पर रोडवेज बसों का संचालन बंद कर दिया गया था। इससे गांवों में रहने वाले लोगों को शहर तक पहुंचने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। अब राज्य सरकार की पहल और रोडवेज प्रशासन की रणनीति के तहत इन रूटों पर दोबारा बसें दौड़ने लगी हैं।
जोधपुर जिले में फिलहाल पांच ग्रामीण रूटों पर बस सेवा शुरू कर दी गई है। इन रूटों पर उम्मीद से ज्यादा यात्रियों की संख्या सामने आई है, जिससे रोडवेज को संचालन जारी रखने का भरोसा मिला है।

10 नए गांवों को जोड़ने की तैयारी
रोडवेज अधिकारियों के अनुसार ग्रामीण इलाकों से लगातार नई मांग सामने आ रही है। इसी को देखते हुए जोधपुर जिले के लगभग 10 अतिरिक्त गांवों को शहर से जोड़ने के लिए नए रूटों का प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है। यह प्रस्ताव जल्द ही रोडवेज मुख्यालय को भेजा जाएगा। स्वीकृति मिलने के बाद इन गांवों से जोधपुर शहर तक सीधी बस सेवा शुरू हो सकेगी। यह कदम ग्रामीण क्षेत्रों के छात्रों, कर्मचारियों, व्यापारियों और मरीजों के लिए बेहद उपयोगी साबित होगा, जिन्हें रोजाना शहर आना-जाना पड़ता है।
जोधपुर जिले में कुल आठ ग्रामीण रूटों पर बस सेवा शुरू करने की योजना बनाई गई थी। मुख्यमंत्री स्तर से स्वीकृति मिलने के बाद फिलहाल पांच रूटों पर बसें शुरू कर दी गई हैं। शेष तीन रूटों पर बस संचालन के लिए अभी अंतिम अनुमति और तकनीकी तैयारियों का इंतजार किया जा रहा है। रोडवेज प्रशासन का कहना है कि जैसे ही बाकी रूटों से जुड़ी औपचारिकताएं पूरी होंगी, वहां भी बस सेवा शुरू कर दी जाएगी।
PPP मॉडल पर चल रही हैं बसें
राज्य सरकार की बजट घोषणा के तहत ग्रामीण इलाकों को परिवहन सुविधा से जोड़ने के लिए पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) मॉडल अपनाया गया है। इस मॉडल के तहत निजी भागीदारी के साथ रोडवेज की निगरानी में बसों का संचालन किया जा रहा है। इन ग्रामीण रूटों पर चलने वाली बसें केसरिया रंग में रंगी हुई हैं और इनका संचालन रोडवेज बस स्टैंड से किया जा रहा है, जिससे यात्रियों को पहचान और सुविधा दोनों मिल रही हैं।
RSRTC की इन बस सेवाओं में सफर करने वाले यात्रियों को रोडवेज की सभी सरकारी रियायतों का लाभ मिलेगा। इसमें छात्रों, वरिष्ठ नागरिकों और विशेष श्रेणियों के लिए दी जाने वाली छूट भी शामिल है। रियायती राशि का भुगतान रोडवेज द्वारा किया जाएगा, जिससे यात्रियों पर अतिरिक्त बोझ नहीं पड़ेगा।











