ओलंपियन और "गोल्डन शार्क" के नाम से मशहूर माइकल फेल्प्स ने अपनी जीत की भूख और मानसिकता को लेकर एक हैरान कर देने वाला बयान दिया है। 23 ओलंपिक गोल्ड मेडल जीतने वाले फेल्प्स ने स्पष्ट कर दिया है कि उनके लिए सिल्वर और ब्रॉन्ज मेडल का कोई महत्व नहीं है, क्योंकि ये उन्हें उनकी हार की याद दिलाते हैं।
स्पोर्ट्स न्यूज़: ओलंपिक इतिहास के सबसे महान एथलीट और ‘Golden Shark’ के नाम से मशहूर माइकल फेल्प्स (Michael Phelps) ने हाल ही में अपनी जीत की मानसिकता को लेकर एक चौंकाने वाला बयान दिया है। 23 ओलंपिक गोल्ड मेडल जीतने वाले इस दिग्गज तैराक ने साफ कहा है कि उनकी नजर में सिल्वर और ब्रॉन्ज मेडल किसी जीत का प्रतीक नहीं, बल्कि हार की निशानी हैं। फेल्प्स का मानना है कि दूसरा या तीसरा स्थान इस बात का संकेत है कि वह अपनी सर्वश्रेष्ठ तैयारी के साथ मुकाबले में नहीं उतर पाए।
एक अंतरराष्ट्रीय पॉडकास्ट में बातचीत के दौरान माइकल फेल्प्स ने अपनी Winning Mindset पर खुलकर बात की। उन्होंने कहा कि उन्होंने अपने पूरे करियर में कभी भी दूसरे या तीसरे स्थान को स्वीकार नहीं किया। उनके अनुसार, गोल्ड मेडल ही असली जीत है, बाकी सब अधूरा लक्ष्य है।
‘मुझे हारना पसंद नहीं है’ – फेल्प्स

माइकल फेल्प्स ने कहा, “मुझे तो यह भी ठीक से याद नहीं कि मेरे पास कितने सिल्वर और ब्रॉन्ज मेडल हैं। मैं हारना पसंद नहीं करता। सिल्वर का मतलब है कि आप दूसरे नंबर पर आए, यानी आप हार गए। तीसरा स्थान भी हार ही है।” उन्होंने आगे कहा कि वे अपने करियर में सिर्फ उन 23 गोल्ड मेडल्स को ही अहम मानते हैं, क्योंकि बाकी रेसों में कोई न कोई उनसे ज्यादा तैयार होकर आया था।
यह बयान फेल्प्स की उस मानसिकता को दर्शाता है, जिसने उन्हें ओलंपिक इतिहास का सबसे सफल खिलाड़ी बनाया। बाल्टीमोर, मैरीलैंड में जन्मे माइकल फेल्प्स का ओलंपिक सफर किसी प्रेरणादायक कहानी से कम नहीं है। उन्होंने Sydney 2000 से लेकर Rio 2016 तक कुल 5 ओलंपिक खेलों में हिस्सा लिया और 28 ओलंपिक मेडल अपने नाम किए। इनमें 23 गोल्ड, 3 सिल्वर और 2 ब्रॉन्ज मेडल शामिल हैं।
उनके करियर का सबसे सुनहरा अध्याय Beijing Olympics 2008 रहा, जहां उन्होंने एक ही ओलंपिक में 8 गोल्ड मेडल जीतकर दिग्गज तैराक Mark Spitz का 1972 का रिकॉर्ड तोड़ दिया। इसके अलावा उन्होंने:
- एथेंस 2004 में 6 गोल्ड
- लंदन 2012 में 4 गोल्ड
- रियो 2016 में 5 गोल्ड मेडल
जीतकर अपनी बादशाहत को हर दौर में साबित किया।
Pool के बाहर भी Champion
माइकल फेल्प्स सिर्फ एक ही तरह की स्विमिंग तक सीमित नहीं थे। उन्होंने Freestyle, Butterfly और Individual Medley जैसे अलग-अलग इवेंट्स में अपना दबदबा बनाया। अपने करियर के दौरान फेल्प्स ने 39 World Records भी अपने नाम किए, जो उन्हें अन्य खिलाड़ियों से बिल्कुल अलग बनाता है।उनकी ट्रेनिंग, अनुशासन और जीत की भूख ने उन्हें एक सामान्य एथलीट से Olympic Legend में बदल दिया।
खेल से संन्यास लेने के बाद भी माइकल फेल्प्स समाज में सकारात्मक बदलाव लाने में सक्रिय हैं। वे Michael Phelps Foundation के जरिए Mental Health Awareness, Healthy Lifestyle और Water Safety को बढ़ावा देने का काम कर रहे हैं। फेल्प्स ने खुद अपने जीवन में मानसिक स्वास्थ्य से जुड़ी चुनौतियों का सामना किया है और अब वे खुलकर इस विषय पर बात कर दूसरों को प्रेरित करते हैं।











