बनर्जी के बयान पर BJP ने किया पलटवार, बंगाल में राजनीतिक बहस तेज़

बनर्जी के बयान पर BJP ने किया पलटवार, बंगाल में राजनीतिक बहस तेज़

टीएमसी सांसद कल्याण बनर्जी के जजों पर विवादित बयान के बाद बीजेपी ने पलटवार किया। भाजपा ने इसे वोट बैंक की राजनीति बताया। दोनों दलों के बीच राजनीतिक टकराव और सोशल मीडिया पर बहस तेज़ हो गई।

New Delhi: तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) सांसद कल्याण बनर्जी के हालिया बयान ने राजनीतिक हलचल मचा दी है। बनर्जी ने कहा कि आजकल के जज बहुत ज्यादा बोलते हैं, पहले जज केवल फैसले सुनाते थे और कम बोलते थे, लेकिन अब ट्रेंड बदल गया है। बनर्जी ने इस टिप्पणी को टीआरपी बढ़ाने के संदर्भ में जोड़ा और कहा कि जज आजकल ज्यादा बोलते हैं, लेकिन फैसले कम सुनाते हैं।

इस बयान के तुरंत बाद बीजेपी ने पलटवार किया। भाजपा नेता शहजाद पूनावाला ने कहा कि टीएमसी नेता लगातार अपनी सीमाओं को पार कर रहे हैं और यह बयान सिर्फ वोट बैंक की राजनीति से प्रेरित है। पूनावाला ने टीएमसी पर आरोप लगाया कि वे हमेशा विवादास्पद टिप्पणियों के जरिए ध्यान आकर्षित करने की कोशिश करते हैं।

जजों पर टिप्पणियों का राजनीतिक परिप्रेक्ष्य

कल्याण बनर्जी का बयान चीफ जस्टिस एनवी रमण और सूर्यकांत के हालिया विवादास्पद टिप्पणी के बाद आया है। सूर्यकांत ने पांच लापता रोहिंग्या शरणार्थियों के मामले में सवाल उठाते हुए कहा था कि क्या उनके लिए रेड कार्पेट बिछा देना चाहिए। इस पर प्रतिक्रिया देते हुए बनर्जी ने कहा कि किसी जज को बिना सोच-विचार के टिप्पणी नहीं करनी चाहिए। उनका मानना है कि न्यायपालिका में गंभीरता और जिम्मेदारी की आवश्यकता होती है, न कि बिना सोचे-समझे बयान देना।

बनर्जी ने अपनी टिप्पणी में यह भी कहा कि जवाब देना शोभा नहीं देता और न्यायपालिका का सम्मान बनाए रखना चाहिए। उनके अनुसार, जजों की जिम्मेदारी केवल निर्णय देना और कानून के अनुसार काम करना है।

बीजेपी ने लगाया वोट बैंक का आरोप

भाजपा नेता शहजाद पूनावाला ने कल्याण बनर्जी के बयान को वोट बैंक की राजनीति से प्रेरित करार दिया। उन्होंने कहा कि टीएमसी हमेशा चुनावी और राजनीतिक लाभ के लिए ऐसी टिप्पणियां करती है। पूनावाला ने टीएमसी पर पूर्व उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ की मिमिक्री करने और उनके पद का मजाक उड़ाने का भी आरोप लगाया।

इसके अलावा, पूनावाला ने टीएमसी पर चुनाव आयोग को धमकी देने का आरोप भी लगाया। उनका कहना है कि टीएमसी ने बंगाल में विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) लागू करने पर चुनाव आयोग को चेतावनी दी थी कि परिणाम भुगतने होंगे। भाजपा नेता के अनुसार, यह सभी घटनाएं टीएमसी की राजनीतिक रणनीति का हिस्सा हैं।

Leave a comment