लगभग 28 साल बाद बॉलीवुड की मशहूर फिल्म ‘बॉर्डर’ का सीक्वल ‘बॉर्डर 2’ रिलीज हो गया है। फिल्म की रिलीज के साथ ही दर्शकों में पुरानी फिल्म को लेकर उत्साह और जिज्ञासा बढ़ गई है। ‘बॉर्डर’ (1997) की कहानी, गाने और कलाकार आज भी लोगों के जेहन में ताजा हैं।
एंटरटेनमेंट न्यूज़: सिनेमाघरों में आज फिल्म ‘बॉर्डर 2’ रिलीज हो गई है और इसे लेकर दर्शकों में जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। यह फिल्म 1997 में आई ‘बॉर्डर’ का सीक्वल है। फिल्ममेकर्स को उम्मीद है कि यह फिल्म भी अपने पूर्ववर्ती की तरह दर्शकों को पसंद आएगी और बॉक्स ऑफिस पर सफलता हासिल करेगी। फिल्म ‘बॉर्डर’ आज भी कई मायनों में खास मानी जाती है—इसके कहानी और गाने आज भी लोगों के जेहन में ताजा हैं। ऐसे में ‘बॉर्डर 2’ देखने से पहले आइए जानते हैं ‘बॉर्डर’ से जुड़े कुछ दिलचस्प किस्से।
असली कहानी पर आधारित
फिल्म 1971 के भारत-पाकिस्तान युद्ध के दौरान हुई लोंगेवाला की लड़ाई पर आधारित थी। इस युद्ध में 120 भारतीय सैनिकों ने करीब 3,000 दुश्मन सैनिकों को रोक दिया। इस लड़ाई में दो भारतीय सैनिक शहीद हुए थे।
फिल्म में सनी देओल ने मेजर कुलदीप सिंह चांदपुरी का किरदार निभाया, जो असली हीरो थे। सनी देओल ने इस भूमिका के लिए 1.2 करोड़ रुपये फीस ली थी।
निर्देशक जेपी दत्ता ने फिल्म में यथासंभव वास्तविकता लाने के लिए असली सेना के टैंक और विमानों का इस्तेमाल किया। भारतीय वायु सेना के हॉकर हंटर विमानों और असली गोला-बारूद का प्रयोग शूटिंग के दौरान किया गया।
इसके अलावा फिल्म की शूटिंग बीकानेर के रेगिस्तान में की गई, जो लोंगेवाला की असली जगह है। असली सेना के जवानों ने भी शूटिंग में हिस्सा लिया।
स्टारकास्ट और कास्टिंग किस्से
‘बॉर्डर’ में सनी देओल, सुनील शेट्टी, जैकी श्रॉफ, अक्षय खन्ना, तब्बू, पूजा भट्ट, सुदेश बेरी, पुनीत इस्सर, कुलभूषण खरबंदा, राखी गुलजार, शरबानी मुखर्जी और सपना बेदी जैसे कलाकार शामिल थे।
- सनी देओल ने खुद मेजर चांदपुरी का किरदार चुना।
- मूल रूप से संजय दत्त को विंग कमांडर एमएस बावा के रोल के लिए चुना गया था, लेकिन उनकी कानूनी समस्याओं की वजह से उनकी जगह जैकी श्रॉफ आए।
- सलमान खान और अक्षय कुमार ने फिल्म के लिए मना कर दिया।
- अजय देवगन ने मल्टी स्टारर फिल्म करने से इनकार किया।
अंततः अक्षय खन्ना ने लेफ्टिनेंट धर्मवीर का रोल निभाया। आमिर खान और सैफ अली खान ने भी मना किया। अनिल कपूर ने फिल्म साइन की थी, लेकिन अपनी दूसरी फिल्म के कारण बाहर होना पड़ा। सुनील शेट्टी ने पहली बार मना किया, बाद में हां कर दी। विनोद खन्ना और नसीरुद्दीन शाह को 1994 में साइन किया गया था, लेकिन बाद में वे फिल्म से हट गए।

बॉक्स ऑफिस
फिल्म की लंबाई 3 घंटे 17 मिनट थी, जो उस समय के हिसाब से बहुत लंबी थी।
- निर्माण लागत: 12 करोड़ रुपये
- बॉक्स ऑफिस कलेक्शन: 66.70 करोड़ रुपये
फिल्म ब्लॉकबस्टर साबित हुई और आज भी इसे देशभक्ति की क्लासिक फिल्मों में गिना जाता है।
हिट गाना: ‘संदेशे आते हैं’
फिल्म का गाना ‘संदेशे आते हैं’ आज भी लोगों के दिलों में बसा हुआ है। इस गाने ने सोनू निगम को घर-घर में पहचान दिलाई। यह गाना महज 7 मिनट में बना।जेपी दत्ता और जावेद अख्तर ने अनु मलिक के घर जाकर इस गाने की धुन पूरी कर दी। गाने की लोकप्रियता इतनी बढ़ी कि यह एक कल्ट क्लासिक बन गया। फिल्म ने अपने देशभक्ति संदेश और बेहतरीन संगीत के लिए कई पुरस्कार जीते:
- तीन नेशनल अवॉर्ड
- 43वें फिल्मफेयर अवॉर्ड्स में 11 नॉमिनेशन
- सबसे अच्छे निर्देशक का फिल्मफेयर अवॉर्ड – जेपी दत्ता
- बेस्ट डेब्यू – अक्षय खन्ना
- सर्वश्रेष्ठ संगीत – जावेद अख्तर
जेपी दत्ता के लिए यह फिल्म सबसे अच्छा निर्देशक का पहला और एकमात्र फिल्मफेयर अवॉर्ड साबित हुई।











