इंग्लैंड में पहली बार आयोजित The Hundred के ऐतिहासिक ऑक्शन में स्टार महिला खिलाड़ियों पर जमकर पैसों की बारिश हुई। Sophie Devine (न्यूजीलैंड) और Beth Mooney (ऑस्ट्रेलिया) इस ऑक्शन की सबसे महंगी खिलाड़ी बनकर उभरीं।
स्पोर्ट्स न्यूज़: इंग्लैंड में आयोजित होने वाली लोकप्रिय क्रिकेट लीग द हंड्रेड के महिला संस्करण के लिए पहली बार आयोजित ऐतिहासिक ऑक्शन में अंतरराष्ट्रीय महिला क्रिकेटरों पर जमकर पैसा बरसा। इस नीलामी में न्यूजीलैंड की स्टार ऑलराउंडर सोफी डिवाइन और ऑस्ट्रेलिया की अनुभवी विकेटकीपर-बल्लेबाज बेथ मूनी सबसे महंगी खिलाड़ी बनकर सामने आईं।
11 मार्च को लंदन में हुए इस ऑक्शन में दोनों खिलाड़ियों को 210,000 पाउंड (लगभग 2.6 करोड़ रुपये) की बड़ी रकम में खरीदा गया। इस नीलामी में कई अंतरराष्ट्रीय सितारों के लिए फ्रेंचाइजियों के बीच कड़ी प्रतिस्पर्धा देखने को मिली, जबकि कुछ बड़े नाम हैरान करने वाले तरीके से अनसोल्ड भी रह गए।
इन टीमों ने खरीदे सबसे महंगे खिलाड़ी
ऑस्ट्रेलिया की स्टार विकेटकीपर बेथ मूनी को ट्रेंट रॉकेट्स फ्रेंचाइजी ने 2.10 लाख पाउंड में अपनी टीम में शामिल किया। मूनी को विश्व क्रिकेट की सबसे भरोसेमंद विकेटकीपर-बल्लेबाजों में गिना जाता है। वह कई आईसीसी टूर्नामेंट जीतने वाली ऑस्ट्रेलियाई टीम का अहम हिस्सा भी रह चुकी हैं। वहीं न्यूजीलैंड की दिग्गज ऑलराउंडर सोफी डिवाइन को वेल्स फायर ने उसी कीमत पर खरीदा।
डिवाइन अपनी विस्फोटक बल्लेबाजी और प्रभावी गेंदबाजी के लिए जानी जाती हैं। हाल ही में महिला प्रीमियर लीग (WPL) में उनके शानदार प्रदर्शन ने भी उन्हें वैश्विक क्रिकेट में सुर्खियों में ला दिया था।
दानी गिब्सन पर लगी तीसरी सबसे बड़ी बोली
इस ऑक्शन में तीसरी सबसे बड़ी बोली इंग्लैंड की खिलाड़ी दानी गिब्सन पर लगी। उन्हें सनराइजर्स लीड्स ने 190,000 पाउंड में खरीदा। दिलचस्प बात यह है कि गिब्सन पिछले लगभग 18 महीनों से इंग्लैंड की राष्ट्रीय टीम के लिए कोई मैच नहीं खेली हैं, लेकिन घरेलू क्रिकेट में उनके प्रदर्शन ने फ्रेंचाइजियों का ध्यान आकर्षित किया।
दक्षिण अफ्रीका की ऑलराउंडर नादिन डी क्लर्क इस नीलामी की चौथी सबसे महंगी खिलाड़ी रहीं। उन्हें लंदन स्पिरिट ने 170,000 पाउंड में अपनी टीम में शामिल किया। लंदन स्पिरिट में वह ऑस्ट्रेलिया की स्टार खिलाड़ी ग्रेस हैरिस के साथ खेलती नजर आएंगी, जिनके साथ वह महिला प्रीमियर लीग में भी खेल चुकी हैं।

युवा खिलाड़ियों को भी मिला मौका
इस ऐतिहासिक नीलामी की शुरुआत इंग्लैंड की 19 वर्षीय युवा खिलाड़ी डेविना पेरिन से हुई, जिन्हें बर्मिंघम फीनिक्स ने 50,000 पाउंड में खरीदा। यह उनके करियर के लिए एक बड़ा अवसर माना जा रहा है। वहीं लंदन स्पिरिट ने विकेटकीपर के तौर पर इंग्लैंड की अनुभवी खिलाड़ी एमी जोन्स को 70,000 पाउंड में अपनी टीम में शामिल किया।
भारतीय खिलाड़ियों की बात करें तो इस ऑक्शन में केवल दो खिलाड़ियों को ही खरीदार मिले। भारतीय विकेटकीपर-बल्लेबाज ऋचा घोष और ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा को उनकी बेस प्राइस पर टीमों ने साइन किया। हालांकि दोनों खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में शानदार प्रदर्शन कर चुकी हैं, लेकिन ऑक्शन में विदेशी खिलाड़ियों की सीमित जगह के कारण उन्हें अपेक्षाकृत कम बोली मिली।
अनकैप्ड खिलाड़ी भी रही चर्चा में
इंग्लैंड की अनकैप्ड ऑलराउंडर टिली कॉर्टीन-कोलमैन इस ऑक्शन की सबसे महंगी अनकैप्ड खिलाड़ी बनकर उभरीं। उन्हें साउदर्न ब्रेव ने 105,000 पाउंड में खरीदा। यह रकम किसी भी अनकैप्ड खिलाड़ी के लिए काफी बड़ी मानी जा रही है। इस नीलामी में कुछ बड़े अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी भी अनसोल्ड रह गए, जिसने कई क्रिकेट प्रशंसकों को हैरान कर दिया। दक्षिण अफ्रीका की अनुभवी खिलाड़ी क्लो ट्रायोन, ताजमिन ब्रिट्स, सुने लुस और तेज गेंदबाज शबनीम इस्माइल को कोई खरीदार नहीं मिला।
विशेषज्ञों का मानना है कि इसका मुख्य कारण टीमों के स्क्वॉड में विदेशी खिलाड़ियों की सीमित संख्या है। द हंड्रेड लीग के नियमों के अनुसार हर टीम अपने स्क्वॉड में केवल चार विदेशी खिलाड़ियों को ही शामिल कर सकती है।










