पाकिस्तान की एयरस्ट्राइक के बाद अफगानिस्तान ने डूरंड रेखा के पास जवाबी कार्रवाई का दावा किया है। तालिबान प्रशासन के अनुसार 19 चौकियों पर कब्जा किया गया और 55 पाकिस्तानी सैनिक मारे गए। हालांकि इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
Afghanistan-Pakistan Airstrike: पाकिस्तान द्वारा काबुल, कंधार और पक्तिया सहित कई इलाकों में की गई एयरस्ट्राइक के बाद अफगानिस्तान ने सीमा पर बड़े पैमाने पर जवाबी सैन्य कार्रवाई का दावा किया है। दोनों देशों के बीच तनाव अब सीधे टकराव में बदलता दिखाई दे रहा है। अफगान तालिबान सरकार ने कहा है कि यह कार्रवाई पाकिस्तान द्वारा किए गए हमलों और सीमा उल्लंघन के जवाब में की गई। हालात तेजी से बदले और सीमा क्षेत्र में कई घंटों तक भारी गोलीबारी और सैन्य गतिविधियां जारी रहीं।
डूरंड रेखा के पास शुरू हुआ समन्वित हमला
अफगान रक्षा मंत्रालय के अनुसार 26 फरवरी की रात लगभग 8 बजे डूरंड रेखा के पास एक साथ कई स्थानों पर ऑपरेशन शुरू किया गया। पक्तिका, पक्तिया, खोस्त और नंगरहार जैसे सीमावर्ती इलाकों में अफगान बलों ने समन्वित ढंग से धावा बोला। अधिकारियों का कहना है कि यह अभियान पूर्व नियोजित था और इसका उद्देश्य सीमा के भीतर मौजूद पाकिस्तानी सैन्य ढांचे को निशाना बनाना था।
करीब चार घंटे तक चली इस झड़प के दौरान दोनों ओर से भारी हथियारों का इस्तेमाल हुआ। स्थानीय सूत्रों ने लगातार विस्फोटों और गोलियों की आवाजें सुनने की बात कही। सीमा के आसपास रहने वाले कई परिवारों ने एहतियातन सुरक्षित स्थानों की ओर रुख किया।
19 चौकियों और दो गैरीसन पर कब्जे का दावा

अफगान पक्ष ने दावा किया है कि इस कार्रवाई में पाकिस्तान की 19 चौकियों पर कब्जा कर लिया गया। इसके अलावा दो बड़े सैन्य गैरीसन को भी अपने नियंत्रण में लेने की बात कही गई है। अफगान अधिकारियों के अनुसार चार अन्य चौकियों से पाकिस्तानी सैनिक पीछे हट गए।
रक्षा मंत्रालय ने कहा कि इस अभियान का मकसद केवल जवाब देना नहीं बल्कि सीमा क्षेत्र में संतुलन स्थापित करना था। हालांकि इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है और पाकिस्तान की ओर से विस्तृत आधिकारिक बयान का इंतजार है।
55 सैनिकों के मारे जाने और बंदी बनाने का दावा
अफगान सरकार ने कहा है कि इस संघर्ष में 55 पाकिस्तानी सैनिक मारे गए। कुछ सैनिकों के शव अपने कब्जे में लेने और कई को जिंदा बंदी बनाने का भी दावा किया गया है। इसके साथ ही एक टैंक को नष्ट करने और आधुनिक हथियारों तथा एक सैन्य वाहन को कब्जे में लेने की जानकारी दी गई।
रात करीब 12 बजे अफगान चीफ ऑफ स्टाफ के आदेश पर ऑपरेशन रोक दिया गया। अधिकारियों का कहना है कि अभियान अपने निर्धारित उद्देश्य हासिल करने के बाद समाप्त किया गया। पाकिस्तान की ओर से इन दावों की पुष्टि या खंडन को लेकर अब तक विस्तृत प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
इससे पहले पाकिस्तान ने अफगानिस्तान के प्रमुख शहरों में एयरस्ट्राइक की थी। पाकिस्तानी पक्ष का कहना था कि यह कार्रवाई सुरक्षा कारणों से और सीमा पार से हो रही गतिविधियों के जवाब में की गई। राजधानी काबुल सहित कई इलाकों में सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया गया था।











