ट्रंप का ‘फूलप्रूफ’ प्लान! रूस-यूक्रेन युद्ध खत्म करने के मिशन पर भेजे दो दूत

ट्रंप का ‘फूलप्रूफ’ प्लान! रूस-यूक्रेन युद्ध खत्म करने के मिशन पर भेजे दो दूत

ट्रंप ने रूस–यूक्रेन युद्ध खत्म करने के लिए दो दूत भेजकर कूटनीतिक पहल तेज कर दी है। उनका Peace Plan अंतिम चरण में बताया गया है। अबू धाबी में गुप्त बैठकों के बीच ट्रंप पुतिन और जेलेंस्की से मिलने की तैयारी के संकेत दे रहे हैं।

Russia-Ukraine War: रूस और यूक्रेन के बीच चल रही जंग को खत्म करने के लिए अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप एक बड़े कूटनीतिक अभियान में जुट गए हैं। ट्रंप ने दावा किया है कि उनका फूलप्रूफ Peace Plan अब लगभग तैयार है और अंतिम चरण में प्रवेश कर चुका है। इस मिशन को आगे बढ़ाने के लिए उन्होंने अपने दो दूत स्टीव विटकॉफ और डैन ड्रिस्कॉल को रूस और यूक्रेन भेजा है ताकि सीधे दोनों देशों की नेतृत्व टीम से बातचीत की जा सके। ट्रंप ने संकेत दिया है कि जैसे ही बातचीत पर्याप्त आगे बढ़ जाएगी, वह स्वयं रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की से मिलने के लिए तैयार हैं।

ट्रंप की रणनीति का नया चरण

वॉशिंगटन में मीडिया से बात करते हुए ट्रंप ने कहा कि उनका युद्ध समाप्ति प्लान अब “fine-tuned” हो चुका है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह मिशन अत्यधिक संवेदनशील है और गलत कदम उठाने पर दोनों देशों के बीच संघर्ष और बढ़ सकता है। इसी वजह से उन्होंने दो अलग-अलग दूत नियुक्त किए हैं जो दोनों पक्षों से संपर्क करेंगे और यह परखेंगे कि किन बिंदुओं पर बातचीत आगे बढ़ सकती है।

रियल एस्टेट व्यवसायी और ट्रंप के पुराने सहयोगी स्टीव विटकॉफ को रूस भेजा गया है। उन्हें पुतिन से मुलाकात कर America-Led Peace Proposal पर चर्चा करनी है। वहीं आर्मी सेक्रेटरी डैन ड्रिस्कॉल यूक्रेन के अधिकारियों से बातचीत का नेतृत्व कर रहे हैं। इससे साफ है कि ट्रंप इस पूरे मिशन को राजनीतिक और सैन्य, दोनों स्तरों पर आगे बढ़ाना चाहते हैं।

ट्रंप का पुतिन और जेलेंस्की से मिलने का संकेत

ट्रंप ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट कर कहा कि उन्हें मिशन से जुड़ी हर अपडेट सीधे शीर्ष अधिकारियों से मिलेगी। इस टीम में उपराष्ट्रपति जेडी वैंस, विदेश मंत्री मार्को रुबियो, युद्ध मंत्री पीट हेगसेथ और व्हाइट हाउस चीफ ऑफ स्टाफ सूसी वाइल्स भी शामिल हैं।

अपनी पोस्ट में उन्होंने लिखा कि वह जल्द ही राष्ट्रपति पुतिन और राष्ट्रपति जेलेंस्की से मिलने की उम्मीद रखते हैं। हालांकि उन्होंने यह भी साफ किया कि यह मुलाकात तभी होगी जब युद्ध खत्म करने का सौदा फाइनल स्टेज में पहुंच जाएगा। इस बयान से यह संकेत मिलता है कि ट्रंप व्यक्तिगत रूप से सीधे हस्तक्षेप करने के लिए तैयार हैं, लेकिन केवल तब, जब बातचीत ठोस दिशा में आगे बढ़ चुकी हो।

अबू धाबी में गुप्त बैठकें

ड्रिस्कॉल के प्रवक्ता लेफ्टिनेंट कर्नल जेफ टॉलबर्ट ने अबू धाबी में हुई बातचीत की पुष्टि करते हुए कहा कि चर्चाएं “सकारात्मक और रचनात्मक” रही हैं। यह बैठक सोमवार देर रात और मंगलवार को चली। दिलचस्प बात यह है कि बातचीत के दौरान भी रूस ने कीव पर मिसाइल हमले किए, जिनमें कम से कम 7 लोगों की मौत हुई। इस बीच यूक्रेन ने दक्षिणी रूस में जवाबी हमला किया, जिसमें 3 लोगों की मौत की खबर है।
इससे स्पष्ट है कि कूटनीतिक कोशिशों के समानांतर जंग का मैदान अभी भी बेहद सक्रिय है।

ट्रंप का प्लान विवादों में

पिछले हफ्ते ट्रंप का जंग खत्म करने का प्लान मीडिया में लीक हो गया था। रिपोर्ट्स के अनुसार, यह प्लान रूस के पक्ष में अधिक झुका हुआ माना जा रहा है, जिसे लेकर यूक्रेन ने तत्काल अमेरिका से बातचीत की थी। जेलेंस्की को आशंका थी कि अमेरिका का दबाव यूक्रेन को कुछ कठिन फैसले लेने की ओर धकेल सकता है। यही वजह है कि जेलेंस्की प्रशासन अमेरिका के साथ लगातार संवाद बनाए हुए है।

फ्रांस और ब्रिटेन की प्रतिक्रिया

फ्रांसीसी राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने कहा कि शांति प्रयासों में तेजी आई है और हम एक महत्वपूर्ण मोड़ पर हैं। उन्होंने बताया कि जेनेवा में अमेरिकी और यूक्रेनी अधिकारियों की एक अहम मीटिंग हुई, जिसने चर्चा को नई गति दी है। उन्होंने यह भी कहा कि अंतरराष्ट्रीय समुदाय को इस गति का लाभ उठाना चाहिए, वरना यह अवसर हाथ से निकल सकता है।

Leave a comment